Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi

दोस्तों यह Bhutiya Kahani एक Hotel Me Room No 13 जहा पर मेरा दोस्त एक रात के लिए अपनी बहन और साली के साथ रुका था वैसे तो आपने भी अपनी जिन्दगी में कई सारी Bhutiya Kahani पढ़ी होंगी लेकिन यह कहानी Hotel Me Room No 13 आपको पक्का पसंद आएँगी , तो आराम से इस कहानी को पढ़िए और एन्जॉय कीजिये . हम आपसे जल्द ही मिलेंगे नई Bhutiya Kahani में , यह कहानी पढने के लिए आपका धन्यवाद |

Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi
Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi

 

Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi कहानी का आरम्भ :

दोस्तों आज में आपको मेरे दोस्त की बहन शीतल और उसकी साली अनुपमा की एक डरावनी कहानी बताने वाला हूँ कुछ दिनों अपने ही मेरी दोस्त नविन ने मुझे यह सब कुछ बताया था . उसने कहा की कुछ दिनों पहले उसकी बहन की मौत हो गयी थी .

तो मैने उसे कहा की यार में जानता हूँ ये बात में तेरे साथ ही तो था पुरे टाइम ताकि ज्यादा नही तो थोडा सा तेरा दर्द सहन कर सकू . मैने तुमसे कई बार तुम्हारी बहन की मौत का कारण पूछा था लेकिनं तुमने कुछ बताया नही , में समझ सकता हूँ की तुम अभी इस हालत में नही हो की मुझे सब कुछ बता सको इसलिए कोई बात नही .

तभी मेरे दोस्त ने मुझे कहा की ऐसा कुछ नही है में बस समझ नही पा रहा हूँ की कैसे में तुम्हे वो सब कुछ बताऊ .(डरते हुए बोला )

“ऐसी क्या है वो तुम्हे मुझे बताने में इतना डर रहे हो, हिम्मत करके मुझे सब कुछ बता दो इससे तुम्हारा भी मन हल्का हो जायेंगा  ” मैने पूछा .

तब जाकर मेरे दोस्त न हिम्मत करके सारी घटना बताना शुरू किया  .

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कुछ दिनों पहले में , मेरी बहन (शीतल) और मेरी साली (अनुपमा) साथ में घुमाने बाहर गये थे शीतल और अनुपमा बचपन की दोस्त है . जब हम घूम कर वापस अपने घर की तरफ आ रहे थे तब शीतल की तबियत अचानक से बहुत खराब हो गयी , वो लगातार उल्टियां कर रही थी और उसे गर्मी में भी कुछ ज्यादा ही ठण्ड लग रही थी अभी भी घर 50 किलोमीटर से ज्यादा दूर था तो हमने आसपास किसी होटल में रुकने का सोचा.

लेकिनं यह रास्ता ऐसा था की इस पर दूर दूर तक कोई होटल वगेरा नही थी लेकिन किस्मत से थोडा आगे जाने पर हमे एक होटल मिल गया .

जब पर होटल के काउंटर पर पहुचे तो पता चला की पूरा होटल बुक के पास ही की एक शादी के कारण लेकिन तभी होटल के मेनेजर ने हमे कहा की एक रूम खाली है जहा आप चाहे तो रूक सकते है हमारे hotel me room no 13 खाली है

फिर मेनेजर ने हमे कहा की सर वो रूम तो खाली है पर वहा रुकना है या नही, वो आपको मर्जी है हमारे होटल का वो एकलोता ऐसा रूम है जहा अब कोई पूरा एक दिन नही रह पाया और सब लोग उसे भुतिया रूम कहते है मुझे पैसों का लालच नही है बस आपको सब कुछ बता रहा हूँ ताकि कोई अनहोनी न हो. यह आपकी इच्छा है की आप उस रूम में रुकना चाहते है या नही .

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मेरें दिमाग में ऐसे कोई अन्धविश्वास की बात नही आ रही थी और में इन सब फालतू बातों पर इतना खास कुछ विश्वास नहीं करता तो हमने वो रूम बुक करा दिया , मेरे यार तू भी जानता है की hotel me room no 13 kyu nahi ho क्यों नही होता.

क्यूंकि लोग इस no. को बहुत अशुभ मानते है और इसे शैतान के नम्बर के साथ संबोधित किया जाता है बड़ी बड़ी होटल में तो 13 नंबर रूम नही होता है लेकिन में इन सब चीजो को फालतू मानता था .

फिर जो आगे हुआ में तुम्हे क्या बताऊ (आखों में आसुओं के साथ मेरा दोस्त बोला)

हम तीनों जैसे ही उस रूम में गये हम तीनों को बहुत अजीब सा महसूस हुआ ऐसा लग रहा था ऐसे यह रूम हजारों सालों से बंद है लेकिन रूम की हालत एकदम चकाचक थी ऐसे आज ही इसकी सफाई की हो , हम लोगों ने कुछ ज्यादा नही सोचा और उस रूम में बेठ गये . मैने निचे काउंटर पर पानी वगेरा लेने के लिए गया तब वहा साफ सफाई का काम करने वालों ने मुझे कहा की सर ‘जान है तो जहान है’ प्लीज आप उस रूम को छोड़ दो वो रूम खतरनाक है

तो मैने उसे कहा की ऐसा कुछ नही हम सुबह होते ही निकल जायेंगे ये कहकर में रूम की तरफ चला गया, मैने जैसे ही रूम में इंटर किया तो देखा की मेरी बहन बालकानी पर खड़ी होकर किसी से बाते कर रही है मुझे लगा अनुपमा होंगी लेकिन जैसे ही में बालकानी में गया तो देखा वहां कोई नही था शीतल अकेले वहा खड़ी होकर बाते कर रही थी .

मैने उससे पूछा की वो अभी किससे बातें कर रही थी तब उसने मुझे कहा में किसी से बाते ‘ तुम्हे यहाँ पर मेरे अलावा कोई दिखाई दे रहा है क्या ‘ .

तभी अनुपमा बाथरूम से बाहर आती है ये सब देख में घबरा गया मैने अनुपमा से पूछा अगर तुम बाथरूम में थी तो शीतल अभी बालकानी में किससे बातें कर रही थी . अनुपना ने कहा में तो बाथरूम में थी मुझे कैसे पता होंगा कुछ .

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में कुछ समझ नही पा रहा था फिर मैने पानी की बोतल शीतल को दी ताकि वो दवाई ले सके , दवाई लेने के बाद हमने आपस में थोड़ी बाते की और खाना खाया फिर सभी सो गये , शीतल और अनुपमा दोनों बेड पर सो गये और मैने अपने लिए निचे से के अलग से बिस्तर मंगा दिया था तो में उसी पर सो गया .

रफिर रात के करीब 3 बजे मुझे अनुपमा ने उठाया और कहा की देखो शीतल बालकानी में खड़ी कुछ बडबडा रही थी में एक झटके में उठा और देखा की मेरी बहन बालकानी में खड़ी थी और किसी से बाते कर रही थी लेकिन वो जिससे बाते कर रही थी वो हमें दिखाई नही दे रहा था तभी में धीरे धीरे शीतल एक पास जाने लगा तभी शीतल 1 पल में घूमी और बोली “भैया आप सोये नही अभी तक देखो मेरी दोस्त मुझे लेने आई है क्या में इसके साथ जा सकती हूँ ? “

मैने दूसरी साइड देखा तो वहा अन्देरे में एक काला साया खड़ा था जिसकी आखें नरक की आग की तरह लाल लाल थी जेसे ही मैने उसकी तरफ देखा, मेरा शारीर थम सा गया जैसे किसी ने मुझे जकड लिया हो फिर भी मैने काफी हिम्मत करके अपना हाथ अपनी बहन की तरफ किया और उसे उसकी नई दोस्त के साथ जाने से मना किया तब मेरी बहन में मुझे कहा “भाई हम तीनो में से किसी 1 को इसके साथ जाना होंगा वर्ना ये हम तीनों को यहाँ से लेके चली जाएँगी .

Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi
Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi

 

यह सब देख अनुपमा तो अपनी जगह खड़ी खड़ी ही रोने लगी और बोलने लगी प्लीज बालकानी से रूम के अंदर आ जाओ .

शीतल तुम मेरी सबसे अच्छी दोस्त हो अपना ध्यान रखना और प्लीज ऐसे रोना बंद करो तुम अच्छी नही लगती रोते हुए .

मैने पाव कापं रहे थे लेकिन मेरे सामने मेरी प्यारी छोटी बहन थी जिसे मैने मेरी आखों के सामने बड़ा होते देखा है कैसे में मेरी बहन को उसके साथ जाने दे सकता था तो मैने कहा तुम यहाँ आ जाओ में चला जाता हूँ . प्लीज उससे दुरे हो जाओ और मेरा हाथ पकड़ो .

तब शीतल ने कहा Sorry भाई आज में आपकी बात नही मान सकती फिर शीतल ने मेरी तरफ देखा और आखों में आसू भरते हुई बोली Thx मेरा बड़ा भाई बनने के लिए thx मेरा इतना ख्याल रखने के लिए अब में चलती हूँ आप दुनिया के Best भाई हो सबका ध्यान रखना .

इतना कहते है मेरी बहन ने बालकानी से छलांग लगा दी .

मेरे आखों के सामने मेरी छोटी बहन मारी गई .

में हाथोहाथ मेरी बहन को हॉस्पिटल लेके गया लेकिन डोक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया , कुछ घंटों बाद मुझे पता चला उसी रात उस होटल के मेनेजर और एक कर्मचारी ने आत्महत्या कर ली .

ये सब हुआ था वहा पर उस होटल में मेरी प्यारी सी बहन को छीन लिया .

Bhutiya Kahani | Hotel Me Room No 13 | Horror Story in Hindi कहानी का समापन  :

तो दोस्तों आपका हमारी यह Bhutiya Kahani , Hotel Me Room No 13 पढने के लिए धन्यवाद प्लीज एक कमेंट करके जरुर बताये की आपको यह कहानी कैसी लगी, आपको सिर्फ एक सेकंड लगेंग लेकिन इससे मेरा दिन बन जायेंगा तो एक कमेंट जरुर करें .

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